Amazing Spleen Facts in Hindi

Spleen या प्लीहा मानव शरीर का एक महत्वपूर्ण अंग है जो उदर में बायीं तरफ उपर की ओर स्थित होता है, आमाशय के ठीक बाई ओर व्यक्ति के शरीर के अनुसार प्लीहा की आकृति और आकार अलग-अलग हो सकता है लेकिन सामान्य रूप से यह मुट्ठी के आकार की होती है

यदि सूजन के कारण प्लीहा का आकार बढ़ न गया हो तो सिर्फ हाथ से छूकर इसका अनुमान लगाना कठिन है क्योंकि यह पसलियों (Rib Cage) के भीतर सुरक्षित रहती है यह शरीर के भीतर कई आवश्यक कार्यों को संपन्न करने में सहायता करती है

Spleen लगभग सभी रीढ़धारी प्राणियों में पायी जाती है और इसकी संरचना एक बड़े लसिका पर्व जैसी होती है

Spleen बैंगनी रंग का एक माँसल अंग है जिसका वजन 150 से 200 ग्राम तक होता है एक व्यस्क व्यक्ति की प्लीहा का आकार 7 सेमी से लेकर 14 सेमी तक हो सकता है

Spleen शरीर की रोग प्रतिरोधक सुरक्षा प्रणाली (Immune System) का अत्यंत महत्वपूर्ण अंग है प्लेटलेटस और श्वेत रक्त कोशिकाएँ (White Blood Cells) यहीं सुरक्षित रहती हैं

Spleen पुरानी लाल रक्त कणिकाओं को हटाकर रक्त को शुद्ध करने का कार्य करती है रक्त का कुछ भाग प्लीहा के भीतर हमेशा सुरक्षित रहता है जो Hemorrhagic Shock जैसी आकस्मिक स्थितियों में बचाव के लिये कारगर सिद्ध हो सकता है

Spleen लौह तत्व/Iron को भी रीसायकल करती है

कुछ रोगों जैसे – रक्त कैंसर, यकृत रोग और वायरस से फैलने वाले मोनोनुक्लियोसिस रोग (Mononucleosis) आदि में Spleen का आकार बढ़ जाता है

कुछ लोगों के शरीर में में मुख्य Spleen से जुडी हुई एक अतिरिक्त प्लीहा भी होती है लेकिन ऐसा 100 में से सिर्फ 10 लोगों के साथ होता है और यह पूरी तरह से सामान्य बात है

दुर्घटना या अन्य किसी चोट से प्लीहा क्षतिग्रस्त होकर फट सकती है और ऐसी स्थिति Internal Bleeding के कारण जीवन के लिये बहुत खतरनाक सिद्ध हो सकती है इसमें तुरंत चिकित्सीय सहायता की आवश्यकता होती है

Spleen के दो भाग होते हैं – Red Pulp और White Pulp