What is Personality Development in Hindi

 

“आपका शरीर, मन (विचार), धर्म (चरित्र), और कर्म (आचरण) शक्ति से संपन्न हो। ईश्वर करे ज्ञान का देवता आपको शांति प्रदान करे ओर ऐश्वर्य का देवता आपको पूर्ण बनाये।”
– अथर्ववेद

 

Meaning of Personality Development in Hindi
जानिये व्यक्तित्व विकास के अहम पहलू

Personality शब्द से तो हम सभी अच्छी तरह परिचित है, लेकिन वास्तविक व्यक्तित्व (Real Personality) किसे कहते हैं, इसके बारे में ज्यादातर लोग अनजान हैं। अक्सर यही देखने में आता है कि Personality Development के नाम पर लोग केवल बाहरी रंग-रूप,शारीरिक बनावट और दिखावटी औपचारिक व्यवहार पर ही अधिक जोर देते हैं।

हम यह नहीं जानते कि व्यक्तित्व के विकास का सम्बन्ध हमारी मूल चेतना या हमारे अहं से है और चित्त में गहराई तक घुस पड़ी बुरी आदतों को दूर करके ही हम अपनी Personality को सही तरह से निखार सकते हैं।

Personality क्या है : –

Cambridge Dictionary के अनुसार “आप जिस प्रकार के व्यक्ति हैं, वही आपका व्यक्तित्व है और वह आपके आचरण, संवेदनशीलता तथा विचारों से व्यक्त होता है।” Longman Dictionary के अनुसार ‘किसी व्यक्ति का पूरा स्वभाव तथा चरित्र ही व्यक्तित्व कहलाता है।’ किसी व्यक्ति की केवल बाहरी आकृति या उसकी बातें या चाल-ढाल उसके व्यक्तित्व के केवल छोर भर हैं, ये उसके सच्चे व्यक्तित्व को प्रकट नहीं करते।

कोई व्यक्ति कैसा आचरण करता है, महसूस करता है और सोचता है; किसी विशेष परिस्थिति में वह कैसा व्यवहार करता है – यह काफी कुछ उसके Mental Disposition यानि मानसिक संरचना पर निर्भर करता है। वास्तव में Personality हमारे भीतर की हमारी अपनी expression (अभिव्यक्ति) है। हम कैसे हैं, यह उसका दूसरों के सामने प्रकटीकरण है।

व्यक्तित्व वह प्रकाश है जिसका स्रोत हमारे अपने ही अन्दर है। हमारे आन्तरिक गुण ही व्यक्तित्व के रूप में प्रकट होते हैं। हमारा अन्तःकरण (Inner Psyche) जितना शुद्ध होगा, भावनाएं जितनी पवित्र होंगी और विचार जितने उच्च होंगे हमारी Personality भी उतनी ही attractive और impressive होगी। रूसी संत गुरजिएफ भी स्थायी व्यक्तित्व उसी को मानते हैं, जो खुद के द्वारा निर्मित और विकसित किया जाता है।

इसलिए व्यक्तित्व का स्तर हमारे सुद्रढ़ चरित्र (Strong Character), पैने और परिपक्व चिंतन ( Sharp and Mature Thinking) और भावपूर्ण व्यवहार (Emotional Conduct) के आधार पर तय किया जाता है। शरीर की सुडौलता और गठन को ही Personality का आधार मानना एक बड़ी भूल है। जब आप इतिहास के कुछ Most Successful Person के बारे में जानेंगे तो इसे अच्छी तरह से समझ सकेंगे।

जो जन्मजात सद्गुणसंपन्न रहे हैं ऐसे व्यक्तियों को भी अपने व्यक्तित्व को विकसित करना पड़ा है, क्योंकि व्यक्तित्व निर्माण विकास की एक लंबी प्रक्रिया है। देखा जाय तो एक बेहतर Personality बनाने का एकमात्र रास्ता लगातार कड़ी मेहनत ही है, इसके अतिरिक्त दूसरा कोई रास्ता आपके पास नहीं है।

Impressive Personality की Qualities : –

Magnetic Personality वाले व्यक्ति लोगों की भीड़ में अलग ही दिखाई देतें हैं। उनका व्यक्तित्व उस Light House की तरह होता है जो खुद को तो रोशन करता ही है साथ ही जीवनरूपी समंदर में हिचकोले खाती अनेकों जिंदगियों को भी राह दिखाता है। यह एक ऐसी दौलत है जो कितनी भी खर्च की जाय कभी नहीं चुकती।

Personality Experts के अनुसार Total Personality उसे कहा जाता है जिसमे Self-ability (आत्म-योग्यता), Productivity (उत्पादकता), Excellency (उत्कृष्टता), Nobility (श्रेष्ठता), Free-mindedness (मस्तिष्क का खुलापन) और एक High Character के सारे गुण मौजूद हों। Excellent Personality वाले व्यक्ति के अंदर Extraordinary Judgmental Power होती है।

यही कारण है कि ऐसे व्यक्तियों के भीतर एक ऐसा magnetic attraction होता है जो अनजाने ही दूसरों को अपनी ओर खींचता रहता है। एक श्रेष्ठ व्यक्तित्व वाला व्यक्ति खुद तो बेहतर रास्ते पर चलता ही है, साथ ही अनेकों को भी उस रास्ते पर चलने के लिए inspiration देता है।इसलिए वे अच्छे-बुरे और झूठे-सच्चे का भेद आसानी से जान लेते हैं।

ऐसे व्यक्ति मुश्किलों में भी जल्दी और सही निर्णय लेने में सक्षम होते हैं और अपने आदर्शों और सिद्धांतों के लिए हर कीमत चुकाने को तैयार रहते हैं। इनका Charctar (चरित्र), आत्मशक्ति और Attitude (नजरिया) बहुत ऊँचे स्तर का होता है। ये Creativity (रचनात्मकता) के धनी और मौलिक विचारों से संपन्न होते हैं।

कैसे बनायें एक Attractive Personality : –

Personality को attractive और impressive बनाने के लिए कई गुणों को develop करना पड़ता है। इसके निर्माण में कई चीज़ें काम करती हैं। इनमे से एक है आपका स्वभाव। यह व्यक्तित्व का आवश्यक अंग है। यह आपके भीतरी स्वरुप का श्रेष्ठ और सच्चा तत्त्व है। स्वभाव से ही कोई व्यक्ति अच्छा या बुरा बनता है। इसी से व्यक्ति लोगों का सम्मान या तिरस्कार पाता है।

यही प्रशंसा या निंदा की वजह बनता है। अपने अच्छे स्वभाव से जहाँ आप सबका दिल जीत सकते हैं, वहीँ बुरे स्वभाव से बुरा भी बनना पड जाता है। आपका behavior न केवल दूसरों को impress करता है, बल्कि यह आपकी मानसिक संरचना का भी कारण बनता है। व्यक्तित्व में निखार आता है अच्छी आदतों और मजबूत चरित्र से।

हर आदमी गुणों से ही गुणवान बनता है और अच्छे गुणों का विकास होता है अच्छे विचारों को जीवन में उतारने से। जबकि चरित्र निर्माण सच्ची लोकसेवा से ही संभव है। इन दोनों के उचित विकास से ही आपकी Personality निखरती है। गुणवान और चरित्रवान व्यक्ति भले ही नाम, रूप, जाति, कुल से श्रेष्ठ न हो, पर वह अपने अच्छे गुणों के कारण हर जगह सम्मान पाता है।

इसलिए अगर हम भी अपनी Personality को Magnificent, Attractive और impressive बनाना चाहते हैं, तो इसके लिए बहुत जरूरी है कि अपने चरित्र, चिंतन और व्यवहार को सुधारा जाये, इसमें बदलाव किया जाये। केवल ऐसा करके ही हम एक Excellent Personality को develop कर सकते हैं और अपनी जिंदगी को संवार सकते हैं।

आगे इस Post में पढिये कैसे बनायें एक अच्छा व्यक्तित्व: How to Have a Great Personality

“दुर्गुण नाव की पेंदी में उस छेद की तरह होता हैं, जो चाहे छोटा हो या बड़ा, एक न एक दिन नाव को निश्चय ही डुबो देंगा।”
– कालिदास

 

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